Computer Network क्या है? - Network से आप क्या समझते है?

इस पोस्ट में हम Network के बारे में पढ़ने वाले हैं, और हम आपके कुछ महत्वपूर्ण सवाल के जवाब भी देने वाले हैं तो इस पोस्ट को शुरू से लेकर लास्ट तक पढ़ते रहिए । 😊

कंप्यूटर नेटवर्क से आप क्या समझते है? नेटवर्किंग की परिभाषा क्या है?


देखिए दोस्तों जब हम जानकारियों को एक स्थान से दूसरे स्थान पर किसी माध्यम से भेजना चाहते हैं । या कोई जानकारी साझा करना चाहते हैं । जो कई किलोमीटर दूर है तो उसके लिए आपको Networking/Network की आवश्यकता होगी ।

कंप्यूटर नेटवर्क से आप क्या समझते है? नेटवर्किंग की परिभाषा क्या है?


इसी network के माध्यम से हम 2 communication device ( Mobile, Computer etc ) को आपस में जोड़ कर उसके बीच communication करा सकते हैं । 😊

जब data and information को किसी दूसरे स्थान पर भेजने को डाटा कम्युनिकेशन कहते हैं । अगर हम किसी नेटवर्क की भाषा में कहें तो । जब दो या अधिक कंप्यूटर या कंप्यूटर नेटवर्क अन्य कंप्यूटर डिवाइस के बीच डिजिटल डाटा को ट्रांसमिट करते हैं, तो इसे Data communication कहते हैं ।


कम्युनिकेशन कैसे स्थापित करते हैं?


दो devices के बीच अगर हमें कम्युनिकेशन स्थापित करना हो तो हमारे पास दो ऑप्शन होते हैं ।

1. Physical connection.
2. Wireless connection.

इन दोनों तकनीकों का उपयोग करते हैं कम्युनिकेशन के लिए इसका सबसे अच्छा उदाहरण हम इंटरनेट को मान सकते हैं । Internet को हम वायरलेस भी चला सकते हैं और फिजिकल भी ।

Hotspot की मदद से वायरलेस और केबल की मदद से फिजिकल भी चला सकते हैं । चलिए अब चलते हैं हमारे अगले क्वेश्चन की तरफ हमारा अगला क्वेश्चन है ।


Read Also:- Web Server क्या है? - कैसे काम करता है? - और कितने प्रकार हैं?

एक कंप्यूटर नेटवर्क के लाभ एवं हानियां क्या है?


हर एक चीज का minus or plus होता है । और इस computer network के भी लाभ और हानि है । तो चलिए इसको भी जान लेते हैं ।

Advantages of Computer Network 


1. Make money online 


यह keyword आपने Google पर बहुत बार search क्या होगा । जी हां दोस्तों आप कंप्यूटर नेटवर्क की मदद से make money online Network की मदद से आसानी से पैसे कमा सकते हैं । यह आपसे बड़ा लाभ हैं नेटवर्क का

2. Save Time 


वर्तमान के कंप्यूटर पहले जमाने के कंप्यूटर से बहुत फास्ट हो गए हैं आजकल के कंप्यूटर में बहुत फास्ट प्रोसेसर होने के कारण हमारा काम बहुत ही तेजी से आगे बढ़ा है । और बढ़ता ही जा रहा है । इसकी सबसे बड़ी वजह कंप्यूटर में लगे प्रोफेसर है जोकि कोई भी काम को बहुत ही आसानी से और तेजी से कर देता है । आप लोगों ने कंप्यूटर में i3 i7 i8 देखा या सुना होगा यही कंप्यूटर के प्रोसेसर होते हैं ।

3. मनोरंजन का सबसे बढ़िया माध्यम है इंटरनेट


Network की सबसे बड़ी देन इंटरनेट है । आज internet लाखो हजारों करोड़ों की तादाद में लोग इंटरनेट पर एक्टिव रहते हैं । और कुछ ना कुछ पूछते रहते हैं । इंटरटेनमेंट मनोरंजन इंटरनेट का सबसे बड़ा क्षेत्र है । YouTube इसका सबसे अच्छा उदाहरण है ।


Disadvantage of Computer Network


1. कमर और सर में दर्द


" लम्बे समय तक बैठ कर कंप्यूटर का उपयोग करने से कमर में दर्द होना एक सामान्य कारण है। कुछ लोग Computer Operate करते समय सीधे ना बैठने के कारण गर्दन और सर में बहुत दर्द होता है। "

2. आँखों में कमजोरी


" लगतार कंप्यूटर स्क्रीन की रौशनी देखने के कारण आँखें ख़राब भी हो सकती हैं। कंप्यूटर के लगातार इस्तेमाल से आँखें सुख जाती हैं। कंप्यूटर के लगातार इस्तेमाल करते समय भी बिच-बिच में थोडा ब्रेक लें और कुछ मिनट के लिए आँखें बंद करके आराम करें। "

3. अनिद्रा और डिप्रेस्शन


" आज कल के युवा कंप्यूटर के सामने बैठ कर रात-रात भर चैटिंग, गेम्स या अन्य गतिविधि पर लगे रहते हैं। इसकी वजह से ना सिर्फ वे अच्छी नींद सोने से दूर होते हैं बल्कि सही तरीके ना सो पाने के कारण उन्हें कई प्रकार के प्रतिकूल प्रभावों का भी सामना करना पड़ता है। कुछ नये रिसर्च से यह सामने आया है कि 5 घंटों से ज्यादा कंप्यूटर चलने वालों में इनसोम्निया की शिकायत ज्यादा देखा गया है। "


इंटरनेट को नेटवर्क ओं का नेटवर्क क्यों कहा जाता है?


Internet पूरी तरह नेटवर्क पर निर्भर है। Internet network के माध्यम से चलता है । जो कुछ भी काम हमारे द्वारा होता है जैसे कि ईमेल भेजना गाना सुनना वीडियो देखना यह सब नेटवर्क के अंदर आते हैं ।


Computer network se aap kya samajhte hain

एक कंप्यूटर दूसरे कंप्यूटर से नेटवर्क के माध्यम से जुड़ा है । जब भी हम इंटरनेट ऑन करते हैं तो हम पूरी दुनिया से जुड़ जाते हैं । हम दुनिया में कहीं भी ईमेल भेज सकते हैं और रिसीव भी कर सकते हैं । इन्हीं सब कार्यों को देखते हुए इंटरनेट को नेटवर्क ओ का नेटवर्क कहा गया है ।

कंप्यूटर इंटरनेट के माध्यम से जुड़ा होने के कारण कोई भी डॉक्यूमेंट को भेजना और वापिस रिसीव करना बहुत ही आसान हो गया है ।

Read Also :-  इथरनेट क्या होता है? - What is Ethernet in Hindi.

कंप्यूटर नेटवर्क कितने प्रकार के होते हैं?


वैसे तो Computer Network बहुत सारे हैं । लेकिन हम आपको नेटवर्क की 4 मुखिया कैटेगरी होती है उसके बारे में बताने वाले हैं।

Computer Network मैं कंप्यूटर को पास एवं दूर दूर रखकर आपस में जोड़ सकते हैं । जब Computer को आपस में जोड़ा जाता है तो हमें 24 hours एवं part time दोनों प्रकार की connectivity प्राप्त होती है । लेकिन यहां हमारे द्वारा किए गए कनेक्शन के प्रकार पर निर्भर करता है ।

Computer network को उसके जगह/उपयोग के आधार पर निम्न भागों में बांटे जाते हैं ।

1. PAN
2. LAN
3. MAN
4. WAN

पन लन मन वैन क्या है? 


आप सोच रहे होंगे कि pan LAN man wan क्या है । यह computer network है । जान लेते हैं इनका full form क्या होता है ।

PAN यानी ( पर्सनल एरिया नेटवर्क )
LAN यानी कि ( LOCAL AREA NETWORK )
MAN यानी कि ( metropolitan area Network )
WAN यानी ( wide area network )

अब थोड़ी से इनके बारे में जान लेते हैं कि क्या काम करते हैं और कैसे काम करते हैं ।

PAN :- जब किसी व्यक्ति द्वारा micro computer ke samast device ko ek Seema ke andar mein jod kar karya Kiya jata hai to ise PAN कहते हैं । इस नेटवर्क की अधिकतम सीमा 10 मीटर तक होती है ।

LAN :- इस प्रकार के नेटवर्क का प्रयोग किसी लोकल एरिया में किया जाता है । जैसे यूनिवर्सिटी,  केंपस, मैन्युफैक्चरिंग प्लांट, इत्यादि में इस प्रकार के नेटवर्क का उपयोग 5 किलोमीटर तक की दूरी को कवर करने के लिए किया जाता है ।

MAN :- यह एक खास तरह का नेटवर्क होता है । Ismein full time yah part time connectivity prapt hoti hai । is network mein Ham Ek shahar ya kuchh duri per sthit office Jahan line connection Kiya gaya hai unhen aapas mein jod sakte hain ya jod Diya jata hai । इनकी सीमा लगभग 40 किलोमीटर तक होती है ।

WAN :- इस प्रकार के नेटवर्क का prayog kisi bade geographical area ko cover karne ke liye Kiya jata hai । wide area network mein point to point link ka upyog Kiya jata hai jismein Kai sare system ko ek Sath kaise joda ja sakta hai । Is computer network ko telephone line dwara provide Kiya jata hai । व्हेन समानता लाइन की अपेक्षा कम स्पीड पर कार्य करता है ।  इसकी स्पीड लगभग 2 एमबीपीएस या उससे कम होती है ।

Read Also :- What Is VSAT? - Computer Networking In Hindi.

टोपोलॉजी कितने प्रकार की होती है?


वैसे तो computer ke field मैं बहुत सारे टोपोलॉजी का उपयोग किया जाता है । जो अलग अलग कार्य करने के लिए बनी है । हम आपको प्रयोग होने वाले कुछ टोपोलोजी के इसके बारे में बताने वाले हैं ।

1. Mesh topology.


Mesh network main pratyek node dusre sabhi node se aapas mein Jude hue hote Hain tab is prakar ke network ko fully connected network kaha jata hai ।


2. Star topology.


Is prakar ke network mein Ek special node se sabhi node ko link Kiya jata Hai, control node ya hub node ke dwara kisi information ko dusre node mein bheja jata hai ।



3. Bus topology.


बस टोपोलॉजी का उपयोग लोकल एरिया नेटवर्क में किया जाता है इस टाइप के टोपोलॉजी में एक सिग्नल नेटवर्क केबल का उपयोग किया जाता है । जिसे किसी बिल्डिंग या कैंपस के चारों तरफ लगाया जाता है और सभी node को इस केबल से कनेक्ट किया जाता है।

Read More :- Bus Topology क्या है? - What is Bus Topology in Hindi

4. Tree topology.


इस नेटवर्क में एक रूट लोड होता है इसमें एक लेवल से प्रत्येक सेकंड लेवल नोट के बीच point-to-point लिंक होता है । is prakar ke topology mein transmission माध्यम branching bus closed loop होते हैं । ट्री के प्रत्येक ब्रांच को जोड़ने के लिए रिपीटर्स और बृजेश का प्रयोग किया जाता है ।

Read More :- Tree Topology क्या है? - What is Tree Topology in Hindi

5. Ring Topology.


रिंग टोपोलॉजी का प्रयोग लोकल एरिया नेटवर्क में किया जाता है इस प्रकार के टोपोलॉजी में सभी कनेक्शन से एक loop ya Ring के रूप में एक दूसरे से जोड़ते रहते हैं ।

Read More :- Ring Topology क्या है? - What is Ring Topology in Hindi

इंटरनेट का प्रथम बार कब प्रयोग हुआ?


इंटरनेट की जानकारी के अनुसार इंटरनेट की शुरुआत सन 1969 में DOD यानी कि  (डिपार्टमेंट ऑफ़ डिफेन्स) के द्वारा किया गया था । एक तरह से कह सकते हैं कि अमेरिका रक्षा विभाग ने UCLA तथा स्टैनफोर्ड अनुसंधान संस्थान, कंप्यूटर्स का नेटवर्किंग करके इंटरनेट की शुरुआत की गई ।

फिर इन्टरनेट पर ( सूचना को आदान प्रदान ) करने के लिए जिस नियम का उपयोग होता है ।  उसे TCP ( ट्रांसमिशन कण्ट्रोल प्रोटोकॉल ) या IP ( इन्टरनेट प्रोटोकॉल ) कहते है । भारत में इंटरनेट का आरंभ कब हुआ ? भारत मे 15 अगस्त 1995 में देश में पहली बार इंटरनेट का इस्तेमाल हुआ था । 15 August ko pahli bar Bharat desh mein internet ka upyog Kiya Gaya ।

Read Also :- Analog And Digital Signal क्या हैं ? - Analog And Digital Signal in Hindi.

इंटरनेट की खोज किसने की और कब की?


इंटरनेट की खोज बहुत सारे लोगों के द्वारा किया गया है, और इस इंटरनेट को बनाने के लिए कोई एक इंसान जिम्मेदार नहीं है, इसके पीछे बहुत सारे संस्था और बहुत सारे लोगों का हाथ है, तो हम किसी एक को इंटरनेट का मालिक नहीं कह सकते ।  इंटरनेट की शुरुआत कब हुई या तो आपने ऊपर पढ़ ही लिया होगा । इंटरनेट हमारे लिए कितना महत्वपूर्ण है या भी आपने ऊपर पड़ा होगा ।

इंटरनेट कैसे काम करता है?


आप गूगल पर सर्च करते हैं तो आपके सामने बहुत सारी रिजल्ट शो होते हैं । उनमें से किसी एक को ओपन करने पर आपके सामने कुछ पेज खुल कर आते हैं जिन्हें बहुत सारे टेक्स्ट याद बहुत कुछ लिखा होता है।

यह काम इंटरनेट की मदद से किया जाता है । इंटरनेटी हमें उन पेज तक पहुंचाता है । चलिए इसको हम स्टेप्स के द्वारा समझते हैं ।

Internet working Steps:-

1. सबसे पहले हमने क्रोम ब्राउज़र ओपन किया ।
2. और हमारे फोन में डाटा ऑन किया ।
3. फिर हमने chrome browser ke search box ya adress box पर कुछ लिखा ।
4. लिखने के बाद बहुत सारी रिजल्ट आते हैं ।
5. यही इंटरनेट का काम होता है ।
6. इंटरनेट से हम कोई भी जानकारी वेबपेज की मदद से हासिल कर सकते हैं ।
7. वेब पेज सर्वर से जुड़ा होता है और जब हम इंटरनेट यूज करते हैं तो हमारे मोबाइल से एक मैसेज सर्वर को जाता है ।
8. और उस सरवर में अगर हमारा मनचाहा डाटा होता है तो वह सरवर हमें उस डांटा तक उस डांटा का फाइल हमें दे देता है ।
9. कुछ इस तरह से यह इंटरनेट काम करता है डाटा को लेना डाटा को देना ।

Read Also :- What is ATM in Computer Networking in Hindi

Post a Comment

0 Comments